बिहार

बिहार में जाति आधारित गणना की जानकारी अब विशेष पोर्टल पर भी देखी जा सकती है। पहले चरण की गणना से संबंधित सभी जानकारी इस पर जल्द ही देखी जा सकेगी। संबंधित पोर्टल को मुख्य सचिव आमिर सुबहानी ने मुख्य सचिवालय स्थित अपने कार्यालय कक्ष में सोमवार को जारी किया।

यह पोर्टल सर्वेक्षण कार्य से संबंधित सभी तरह के डिजिटल प्रबंधन के लिए भी बेहद उपयोगी होगा। cbs.gov.in नामक इस वेबसाइट पर जल्द ही सभी आंकड़ों को जारी कर दिया जाएगा।  इस पर मौजूद सभी आंकड़ों को एक विशेष मोबाइल एप के माध्यम से सभी प्रगणकों को मुहैया कराया जाएगा। इसकी मदद से प्रगणक दूसरे चरण में जाति और सामाजिक-आर्थिक सर्वे के टास्क को पूरा करेंगे। इस मोबाइल एप पर भी निर्धारित प्रश्नावली के साथ ही सभी आंकड़ों को दर्ज किया जाएगा। इससे दूसरे चरण की गणना के बाद सभी डाटा एकत्र कर समेकित रिपोर्ट तैयार करना सरल होगा। 

दूसरे चरण की गणना के लिए यह बेहद कारगर साबित होगा। वेबसाइट की लांचिंग के मौके पर सामान्य प्रशासन विभाग के प्रधान सचिव बी राजेंद्र, सचिव मो. सोहेल समेत अन्य अधिकारी मौजूद थे। अवर सचिव मो. सिराजुद्दीन अंसारी ने बेवसाइट से संबंधित जानकारी दी। इधर, पहले चरण की गणना के बाद सभी तरह के घरों, झोपड़ी समेत तमाम बसावटों और परिवारों की गणना की गयी है। इससे यह भी पहली बार पता चल जाएगा कि राज्य में बेघरों या आवासविहीन परिवारों की संख्या कितनी है।

फाइनल रिपोर्ट आज विभाग में आ जाएगी

जाति आधारित गणना के दौरान कई जिलों से घरों के नहीं गिनने समेत अन्य तरह की शिकायतें भी आयी हैं। इन सभी शिकायतों को संबंधित जिलों को तुरंत निपटारा कराने का आदेश सामान्य प्रशासन विभाग ने सभी जिलों को दिया है। पहले चरण की फाइनल रिपोर्ट 25 जनवरी तक विभाग में आ जाएगी। 2011 की जनगणना के अनुसार, बिहार में परिवारों की संख्या एक करोड़ 89 लाख 13 हजार 565 है। इसमें पटना में 9 लाख 75 हजार 578, मुजफ्फरपुर में 8 लाख 57 हजार 153, भागलपुर में 5 लाख 64 हजार 711 परिवार मौजूद थे। इस बार इसमें बढ़ोतरी होने की संभावना है।
 

Source : Agency